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प्रदेश में सड़कों के विस्तारीकरण के लिए 2250 करोड़ रुपये का बजट रखा गया

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A budget of Rs 2250 crore has been kept for the expansion of roads in the state.

Page Media: – उप-मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सड़कों के विस्तारीकरण व सुधारीकरण के लिए केन्द्र सरकार ने प्रदेश को अनेक सौगात दी हैं। उन्होंने बताया कि एक नई सड़क अक्षरधाम दिल्ली से अम्बाला तक ग्रीन फिल्ड हाई-वे (Green Field Highway) बनाया जाएगा जिससे हाईवे-44 का लोड कम हो जाएगा।

सड़कों की स्थिति में सुधार

यमुनानगर की अनाज मंडी में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि प्रदेश मेंं सड़कों की स्थिति (Road conditions) में सुधार हुआ है। प्रत्येक विधायक को सड़कों के सुधारीकरण व विस्तारीकरण के लिए 25 करोड़ रुपये दिए जाते हैं। प्रदेश में सड़कों के विस्तारीकरण के लिए 2250 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।

उप मुख्यमंत्री सोमवार को एक कार्यक्रम के बाद यमुनानगर की अनाज मंडी में पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे उन्होंने कहा कि प्रदेश में सड़कों की स्थिति में सुधार हुआ है प्रत्येक विधायक को सड़कों के सुधारी करण में विस्तारीकरण के लिए ₹25 करोड़ रुपये दिए जाते हैं ।

2250 करोड रुपए का बजट

अब तक 17 विधायकों ने इसके लिए आवेदन किया है उन्होंने अनुमति दे दी है जो भी विधायक आवेदन करेगा उसको यह राशि दी जाएगी इसके लिए प्रदेश सरकार ने 2250 करोड रुपए का बजट रखा है उन्होंने कहा कि प्रदेश के नॉर्थ साउथ दिशा में 9 एक्सप्रेसवे बनाए गए हैं जिससे प्रदेश में सड़कों की स्थिति में सुधार आया है। उन्होंने कहा कि ईस्ट वेस्ट कॉरिडोर में जोकि डबवाली के चौटाला से पानीपत तक हिसार से रेवाड़ी तक तथा हाईवे में नंबर 152 इस्माइलाबाद से कोटपूतली तक जम्मू से कटरा हाईवे जिसमें प्रदेश के 6 जिले कवर होते हैं।

सड़कों के मामले में प्रदेश सरकार सक्रिय

प्रदेश में नई सड़क अक्षरधाम दिल्ली से अंबाला में ग्रीन फील्ड हाईवे बनाया जाएगा, जिससे हाईवे फुटबॉल का लोड कम हो जाएगा उन्होंने कहा कि सड़कों के मामले में प्रदेश सरकार सक्रियता से कार्य कर रही है उन्होंने पत्रकारों से कहा कि जो वायदे हमने चुनाव से पहले किए थे उनको दोनों पार्टियों की सरकार ने मिलकर पूरा किया पेंशन भी शीघ्र ही ₹3000 प्रति माह हो जाएगी इस मौके पर गुहला के विधायक ईश्वर सिंह भी उपस्थित थे।

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युवाओं के आर्थिक शोषण को खत्म करने के लिए कौशल रोजगार निगम का गठन किया गया: मुख्यमंत्री मनोहर लाल

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Skill Employment Corporation has been formed to end economic exploitation of youth: Chief Minister Manohar Lal

Page Media: – मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले प्रदेश में अव्यवस्था थी, हमने इसको बदलने का काम किया है। वर्तमान राज्य सरकार के कार्यकाल के दौरान एक लाख से ऊपर नियमित सरकारी नौकरी पारदर्शिता एवं योग्यता के आधार पर दी गईं।

न किसी की पर्ची, न किसी की खर्ची चली

इसमें न किसी की पर्ची, न किसी की खर्ची चली है। उन्होंने कहा कि युवाओं के आर्थिक शोषण को खत्म करने के लिए कौशल रोजगार निगम का गठन किया गया। यह आउटसोर्सिंग से जुड़ी सेवाओं में ठेका प्रथा बंद करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

टीजीटी व पीजीटी अध्यापकों को नियुक्ति पत्र

उन्होंने कहा कि अब तक 90 हजार से अधिक कर्मचारियों को इस निगम के माध्यम से समायोजित किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों ही इस निगम के माध्यम से एक क्लिक से ही 2075 टीजीटी व पीजीटी अध्यापकों को नियुक्ति पत्र दिए गए है। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार 9870 जेबीटी टीचरों को ज्वाइन कराए बगैर उनका भविष्य अधर में छोड़कर चली गई थी। उनमें से 9670 को ज्वाईन करवा दिया गया है।

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केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण से हरियाणा को विशेष आर्थिक पैकेज देने की मांग: मुख्यमंत्री मनोहर लाल

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Demand from Union Finance Minister Nirmala Sitharaman to give special economic package to Haryana: Chief Minister Manohar Lal

Page Media: – मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण से एनसीआर क्षेत्र को ध्यान में रखते हुए हरियाणा को विशेष आर्थिक पैकेज देने की मांग रखी है। उन्होंने कहा कि हरियाणा के 14 जिले ऐसे हैं जो एनसीआर क्षेत्र में शामिल हैं।

हरियाणा को विशेष आर्थिक पैकेज

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस क्षेत्र में बुनियादी ढांचे, पानी, स्वच्छता, शहरी विकास और कनेक्टिविटी के लिए काफी संसाधन खर्च करने पड़ते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए हरियाणा को विशेष आर्थिक पैकेज दिया जाना चाहिए। विभिन्न परियोजनाओं के क्रियान्वन के लिए विशेष पैकेज की मांग बिल्कुल जायज है।

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इंडिया-गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (GCC) ने मुक्त व्यापार समझौता (FTA) वार्ता को दोबारा शुरू करने का निर्णय

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FTA

Page Media: – वाणिज्य और उद्योग, उपभोक्ता कार्य, खाद्य और सार्वजनिक वितरण तथा कपड़ा मंत्री पीयूष गोयल और गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल के महासचिव महामहिम डॉ. नायफ फलह एम. अल-हजरफ ने आज नई दिल्ली में एक संयुक्त प्रेस वार्ता की, जिसमें इंडिया-जीसीसी एफटीए पर चर्चा करने का इरादा व्यक्त किया गया।

उल्लेखनीय प्रगति पर दोनों देशों ने बातचीत की

आगे की दिशा तय करने और समाधान-आधारित बातचीत के साथ, भारत और जीसीसी देशों के बीच द्विपक्षीय आर्थिक रिश्तों के सभी आयामों को मद्देनजर रखते हुये पारस्परिक हितों के समस्त मुद्दों पर होने वाली उल्लेखनीय प्रगति पर दोनों देशों ने बातचीत की।

दोनों पक्ष इस बात पर सहमत हुये कि एफटीए वार्ता को औपचारिक रूप से दोबारा शुरू करने के लिये सभी कानूनी व तकनीकी आवश्यकताओं को जल्द से जल्द पूरा कर लिया जाये। एफटीए एक आधुनिक और समग्र समझौता है, जिसके दायरे में माल और सेवाओं को रखा गया है।

एफटीए से नये रोजगार पैदा होंगे

दोनों पक्षों ने कहा कि एफटीए से नये रोजगार पैदा होंगे (FTA will create new jobs) , लोगों के रहन-सहन का स्तर बढ़ेगा और इससे भारत तथा सभी जीसीसी देशों में सामाजिक व आर्थिक अवसरों को विस्तार मिलेगा। दोनों पक्षों ने रजामंदी व्यक्त की कि इस समझौते से भारत और जीसीसी के पूरक व्यापारों और आर्थिक इको-सिस्टम के आधार पर निर्मित क्षमता को देखते हुये कारोबार को विस्तार देने तथा उसमें विविधता लाने में सहायता मिलेगी।

जीसीसी इस समय भारत का सबसे बड़ा कारोबारी

उल्लेखनीय है कि जीसीसी इस समय भारत का सबसे बड़ा कारोबारी साझीदार है। वित्तवर्ष 2021-22 में इनके बीच होने वाला द्विपक्षीय व्यापार 154 अरब यूएसडी था, जिसमें निर्यात लगभग 44 अरब यूएसडी और आयात लगभग 110 अरब यूएसडी (33.8 अरब का गैर-तेल निर्यात और 37.2 अरब यूएसडी गैर-तेल आयात) था। भारत और जीसीसी के बीच सेवाओं के द्विपक्षीय कारोबार वित्तवर्ष 2021-22 में लगभग 14 अरब यूएसडी के बराबर रहा, जिसमें निर्यात 5.5 अरब अरब और आयात 8.3 अरब यूएसडी था।

भारत में जीसीसी का निवेश

जीसीसी देश भारत के तेल आयात में लगभग 35 प्रतिशत और गैस आयात में 70 प्रतिशत का योगदान करते हैं। वर्ष 2021-22 में जीसीसी से भारत का कच्चे तेल का आयात लगभग 48 अरब यूएसडी का हुआ, जबकि इसी अवधि में एलएनजी व एलपीजी आयात लगभग 21 अरब यूएसडी का रहा। भारत में जीसीसी का निवेश इस समय 18 अरब यूएसडी से अधिक का है।

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